Skip to content

जीवन विद्या

Jeevan Vidya

Menu
  • Home
  • जीवन विद्या
  • जीवन विद्या शिविर
  • जीवन विद्या गतिविधियां
  • जीवन विद्या लेख
  • जीवन विद्या वीडियो
  • सोशल
Menu
प्रचार-माध्यमों की सार्थकता

प्रचार-माध्यमों की सार्थकता

Posted on October 25, 2023

प्रचार-माध्यमों की सार्थकता

आज सभी प्रचार-माध्यम अपराध-गतिविधियों को ज्यादा से ज्यादा प्रचारित किया करता है। प्रचार-माध्यम का मूल स्वरूप सही-गलती को चेताने से है, अथवा स्पष्ट करने से है। इसमें से “गलती” का प्रचार हुआ – लेकिन “क्या सही है” और “क्या होना चाहिए” इसका प्रचार नहीं हो पाया। इसी कारण-वश अपराध-प्रवृत्तियां बुलंद हुई। सही पक्ष का पता नहीं हो पाया।

किसी घटना को हम “ग़लत” मानते हैं तो उस मानने में “सही” की अपेक्षा समाहित ही रहती है। इस बात को हृदयंगम करने से पता लगता है कि प्रचार-माध्यम अपनी विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए हर “ग़लत” घटित-घटना को बढ़ा-चढ़ा कर बताने के स्थान पर, “सही” घटनाएं कैसे होना चाहिए – इस तथ्य को उजागर करें। इस तरह मानव-परम्परा में सुधार होना स्वयं-स्फूर्त होगी। इस विधि से – शुभ को चाहने वाले सभी प्रचार-माध्यम अपनी सार्थकता, पूरकता, और उपयोगिता को प्रमाणित कर सकते हैं। अपराधों का प्रचार करने से अपराध बढे हैं। धरती का बीमार होना मनुष्य के अपराधों से हुआ है।

अपराध करने वाला व्यक्ति या समुदाय यह मान कर अपराध करता है – “सभी अपराधी हैं” अथवा “दूसरे लोग हमसे ज्यादा अपराधी हैं।” इसी मान्यता के साथ अपराध और मज़बूत होता जाता है। अपराध करने वाले को सही दिशा, सही कार्य, सही प्रयोजन बोध कराने की स्थिति में अपराध प्रवृत्ति सुधरने की ओर दिशा मिलना स्वाभाविक हो जाती है। इसलिए यह उचित है की पत्र-पत्रिका, रेडियो, टेलिविज़न, और आज की स्थिति में इन्टरनेट भी – सभी दिशाओं में “सही पक्ष क्या होना चाहिए?” – इसे प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने की आवश्यकता है। इसके लिए प्रचार-कार्यों में कार्यरत मेधावियों को “सही-पक्ष” में पारंगत होने की आवश्यकता है। उनको सभी स्थितियों में “सही” और “ग़लत” की विभाजन-रेखा को परखने की आवश्यकता है।

“सही” और “ग़लत” की विभाजन-रेखा जीव-चेतना और मानव-चेतना के मध्य में ही होता है। जीव-चेतना विधि से कामोन्मादी, भोगोन्मादी, और लाभोन्मादी प्रेरणाएं मिल रही हैं – जो “भ्रम” का द्योतक है। मानव-चेतना अपने स्वरूप में जीवन-जागृति का द्योतक है।
जागृति और भ्रम उजाले और अंधेरे जैसा ही है।

  • श्रद्धेय बाबा श्री नागराज जी के साथ संवाद पर आधारित (अप्रैल २००६)

साभार- मध्यस्थ दर्शन ब्लॉग (जीवन विद्या – सह अस्तित्व में अध्ययन)

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

“भूमि स्वर्गताम यातु
मनुष्य यातु देवताम्:
धर्मो सफलताम यातु
नित्यं यातु शुभोदयम्I “

-A.Nagraj, Propounder- Madhyasth Darshan

current post

  • जीवन विद्या सोशल मडिया
    जीवन विद्या सोशल मडियाDecember 12, 2024
  • जीवन विद्या सम्मेलन में रजिस्ट्रेशन आवास इत्यादि की सूचना
    जीवन विद्या सम्मेलन में रजिस्ट्रेशन आवास इत्यादि की सूचनाNovember 7, 2024
  • जीवन विद्या 26 वा राष्ट्रीय सम्मेलन में व्यवस्था संबंधित सूचनाऐं
    जीवन विद्या 26 वा राष्ट्रीय सम्मेलन में व्यवस्था संबंधित सूचनाऐंNovember 4, 2024
  • आदरणीय राजन शर्मा जी की स्मृति में श्रद्धांजलि सभा
    आदरणीय राजन शर्मा जी की स्मृति में श्रद्धांजलि सभाNovember 3, 2024
  • २५वां जीवन विद्या वार्षिक सम्मेलन २०२४ के अंतर्गत समानांतर गोष्ठियों का आयोजन किया गया है
    २५वां जीवन विद्या वार्षिक सम्मेलन २०२४ के अंतर्गत समानांतर गोष्ठियों का आयोजन किया गया हैOctober 29, 2024
  • अभ्युदय संस्थान, अछोटी में जीवन विद्या परिचय शिविर 2024
    अभ्युदय संस्थान, अछोटी में जीवन विद्या परिचय शिविर 2024October 28, 2024
  • जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन में volunteers  के रूप में सहयोग देने के लिए अपना रजिस्ट्रेशन करें
    जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन में volunteers के रूप में सहयोग देने के लिए अपना रजिस्ट्रेशन करेंOctober 4, 2024
  • जीवन विद्या परिचय शिविर गुजरात 2024
    जीवन विद्या परिचय शिविर गुजरात 2024September 29, 2024
  • जीवन विद्या परिचय शिविर अभ्युदय संस्थान धनौरा, हापुड़
    जीवन विद्या परिचय शिविर अभ्युदय संस्थान धनौरा, हापुड़September 29, 2024
  • जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन में अपना रजिस्ट्रेशन करें
    जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन में अपना रजिस्ट्रेशन करेंSeptember 28, 2024
  • अभ्युदय संस्थान, अछोटी में जीवन विद्या परिचय शिविर
    अभ्युदय संस्थान, अछोटी में जीवन विद्या परिचय शिविरSeptember 28, 2024
  • जीवन विद्या वर्कशॉप – 2024 (लोनावाला)
    जीवन विद्या वर्कशॉप – 2024 (लोनावाला)September 23, 2024
  • प्रश्न मुक्ति शिविर
    प्रश्न मुक्ति शिविरSeptember 23, 2024
  • जीवन विद्या अध्ययन शिविर
    जीवन विद्या अध्ययन शिविरSeptember 23, 2024
  • अध्ययन – मनन गोष्ठी
    अध्ययन – मनन गोष्ठीSeptember 18, 2024
  • २६ वां वार्षिक जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन २०२४
    २६ वां वार्षिक जीवन विद्या राष्ट्रीय सम्मेलन २०२४September 15, 2024
  • जीवन विद्या परिचय शिविर
    जीवन विद्या परिचय शिविरSeptember 6, 2024
  • जीवन विद्या वर्कशॉप – 2024 (लोनावाला)
    जीवन विद्या वर्कशॉप – 2024 (लोनावाला)September 3, 2024
  • अस्तित्व मूलक मानव केन्द्रित चिंतन मध्यस्थ दर्शन सह अस्तित्ववाद पर आधारित जीवन विद्या परिचय शिविर
    अस्तित्व मूलक मानव केन्द्रित चिंतन मध्यस्थ दर्शन सह अस्तित्ववाद पर आधारित जीवन विद्या परिचय शिविरSeptember 3, 2024
Social
  • Youtube
  • Twitter
  • Telegram
  • Instagram
  • Facebook
  • Pinterest

Categories

  • Video
  • Jeevan Vidya
  • Jeevan Vidya Camp
  • Jivan Vidya activity
  • Jeevan Vidya blog

About
  • This website only information
  • Official site- Jeevan vidya
  • मध्यस्थ दर्शन सहअस्तित्ववाद
  • madhyasthdarshanjeevanvidya@gmail.com
©2026 जीवन विद्या | Design:By Softdigi